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झड़ते बालों की समस्या से छुटकारा

झड़ते बालों की समस्या

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झड़ते बालों की समस्या किसी व्यक्ति विशेष की समस्या नहीं है। आज के समय में यह एक आम समस्या की तरह है जो लगभग हर व्यक्ति को है। ये अलग बात है कि यह समस्या किसी में बहुत अधिक तो किसी में कम होती है।

झड़ते बालों की समस्या एक ऐसी समस्या है जो कभी भी अकेले नहीं आती, मतलब जिस व्यक्ति को यह समस्या हो जाती है उसे कई और तरह की समस्या का भी सामना करना पड़ता है।

सिर पर बालों की कमी से लोग अपना आत्मविश्वास खो देते है, मानसिक स्ट्रेस में आ जाते हैं। कई बार तो स्ट्रेस का लेवल इतना ज्यादा हो जाता है की मानसिक बीमारी तक का सामना करना पड़ जाता है।

आइए अभी हम यह जानने की कोशिश करते है की आखिर बाल झड़ते क्यों है, और फिर आगे बालो को झड़ने से रोकने के कुछ उपाय भी बताएंगे।

क्यों झड़ते है बाल?(झड़ते बालों की समस्या)

कुछ लोगो की माने तो, बालो का झड़ना एक आम समस्या है जिसकी कुछ आम वजह भी होती है। इन वजहों में डाइट का सही न होना, शैम्पू या कंडीशनर का अधिक केमिकल युक्त होना, बालों में कुछ ऐसे प्रोडक्ट का उपयोग कर लेना जो रिएक्शन कर जाते है, जैसी वजहें हो सकती है।

आमतौर पर यह सोच सही भी हो सकती है और नही भी।

इस संबंध में डॉक्टरों या विशेषज्ञों की माने तो बाल झड़ने की समस्या हर 10 में से 8 व्यक्ति को है। यदि दिन भर में आपके 50 से 100 बाल गिरते है तो यकीन मानिये यह कोई समस्या नहीं है। यह आमबात है जो हर व्यक्ति के साथ होती ही है।

बालों की समस्या के कारण

लेकिन यदि बाल इससे ज्यादा गिर रहे है तो यह बीमारी का संकेत भी हो सकता है जिसे एलोपेसिया कहते हैं।

एलोपेसिया मुख्य दो कारणों से होती है

  1. हेरिडिटरी

2. DHT (DIHYDROTESTOSTERONE)

हेरिडिटरी, एक अनुवांशिक लक्षण है जो पीढ़ी दर पीढ़ी आगे बढ़ता रहता है।

जबकि DHT हार्मोन होता है जो उम्र के बड़ते के साथ बढ़ता जाता है। यह हार्मोन बालों जी जड़ों को सिकोड़ देता है,जिससे उनका पुनः उगना नष्ट हो जाता है।

कुछ अन्य कारणो की बात करे तो न्यूट्रीशीयन डिफिशिएंसी, कैंसर, प्रेग्नेंसी, स्ट्रेस, थायराइड, रेडियो थेरेपी जैसी बीमारियों के कारण भी बालों के झड़ने की समस्या हो जाती है।

कुछ स्पेशल केसेस में ऑटो इम्यून डिजीज भी बाल झड़ने के कारण होते हैं। ऑटो इम्यून डिजीज एक ऐसी अवस्था होती है जिसमे आपका इम्यून सिस्टम बालो से लड़कर बालों की जड़ों को कमजोर कर देता है और बाल झड़ने लगते है।

इस अवस्था को डॉक्टरों की भाषा में एलोपेसिया एरेटा कहते है।

आइए अब यह समझते है की आखिर कैसे बचा जा सकता है इस समस्या से।

झड़ते बालो को रोकने के उपाय

यूं तो आपने बालो को झड़ने से बचाने के लिए बहुत सारे उपाय किए या सुने होंगे, जिन्हे आप उपयोग करने की सोच भी रहे होंगे।

देखिये सबसे पहले आपको बालों को मजबूत करना होगा यानी की डैमेज से बचाना होगा। केमिकल युक्त शैम्पू, कंडीशनर के उपयोग से बचे।

उपाय

कोई भी हेयर स्टाइल करने के बाद बालों को तेल के मसाज अवश्य दें।

महिलाएं सोते समय कभी भी बालो को बांधकर न सोए, हमेशा बालो को खोलकर सोए।

कॉटन की जगह सिल्क के तकिए का कवर उपयोग करे क्योंकि कॉटन में फ्रिक्शन से बाल कमजोर हो जाते है।

बालों को अंदर से नरिश करे, बालों को मजबूत करने के लिए हम बाहर से उनका पोषण करने की कोशिश करते है। बालो को बाहर से दिया गया पोषण उनके जड़ों तक नहीं पहुंच पाता है, और झड़ते बालों की समस्या खत्म नहीं होती है।

बालों को अंदर से नरिश करने का मतलब अपने बॉडी को नरिश करे। हरी सब्जी, फल का सेवन करे। ध्यान रखे की इन्हे हो सके तो कच्चा खाने का प्रयास करे क्योंकि पकाने के बाद उनमें सारे न्यूट्रीशन नही मिल पाते है। सलाद के रूप में या दही या शहद के साथ ले सकते है।

अगर ये सब करने के बाद भी झड़ते बालों की समस्या कम नहीं होती है तो अवश्य रूप से डॉक्टर की सलाह ले। डॉक्टर से मिलने में घबराए नहीं क्योंकि हो सकता है आप जिसके लिए इतना परेशान है वो बस एक छोटी सी बीमारी के कारण हो।

बाल झड़ने की बीमारी और विज्ञान

अगर ऊपर बताए गए तरीकों के बाद भी बाल झड़ने की समस्या कम नहीं होती है तो आप डॉक्टर से मिल ले।

डॉक्टर पहले यह कन्फर्म करेगा की आपकी समस्या की वजह कन्ही अंदरूनी बीमारी तो नही है। यदि कोई बीमारी है तो उसका इलाज किया जायेगा। जिससे बालो का गिरना रुक जायेगा।

डॉक्टर आपको मिनाक्सिडिल लोशन या फिनास्टएरिओड टैबलेट लेने की सलाह दे सकते है।

विशेषज्ञों द्वारा इस्तेमाल की जाने वाली अन्य तकनीकी की बात करे तो PRP थेरेपी, मेसो थेरेपी, लेजर, इन्फ्रारेड रेडिएशन, माइक्रो निडिलिंग आदि थेरेपी का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे आपके खोए बाल वापस मिल सकते है।

इन सब तकनीकों में सबसे खास है – हेयर ट्रांसप्लांट

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हेयर ट्रांसप्लांट क्या हैझड़ते बालों की समस्या

इस तकनीक में एक जगह के बालो को निकालकर दूसरी जगह लगा दिया जाता है।

अक्सर सिर के पीछे के बाल हर इंसान में बचे रहते है, तो उनको निकालकर सिर सामने वाले हिस्से में लगा दिया जाता है।

हालांकि इस तकनीक का सक्सेस रेट भी आपकी देखभाल और सावधानी पर निर्भर करता है।

झड़ते बालों का सर्वे

आपको जानकर आश्चर्य होगा की ऐसा भी हुआ था।

वर्ष 2015 नाषिक कुंभ में उपस्थित बाबाओं, साधु संतों जिन्होंने लगभग 10, 12 सालो से जुड़ा बनाए हुए है। उनसे बात की गई और उनसे उनके बालो के बारे में पूछा गया तो उन्होंने जो बताया वो आश्चर्य चकित करने वाला था।

उन्होंने कभी अपने बालों में शैंपू जैसी कोई चीज इस्तेमाल नहीं की। कोई विशेष रखरखाव भी नही किया फिर भी उनको कोई भी ऐसी समस्या नहीं हुई।

तब सर्वे के बाद एक रिपोर्ट बनी की कोई भी मानसिक तनाव न होने और संतुलित भोजन लेने के कारण उनको कोई समस्या नहीं हुई।

अतः स्ट्रेस रहित और संतुलित खान पान, बालों को झड़ने से रोकने के लिए अचूक उपाय है। हालंकि स्ट्रेस रहित जीवन जीने से बाल ही नहीं जिंदगी भी अच्छी रहती है।

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